दबंगों ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गरीब परिवार को , जानलेवा हमले में पीड़ित परिवार के 3 लोग घायल,  बाल-बाल बची जान, जसपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव राजपुर की है घटना 

-सुशील चौहान 
उत्तराखण्ड: जसपुर कोतवाली अंतर्गत गांव राजपुर में दबंगों ने एक परिवार के लोगों को दौड़ा-दौड़ा कर लाठी-डंडों से जमकर पीटा और जानलेवा हमला किया । जानलेवा हमले में पीड़ित परिवार के तीन लोग घायल हो गए । इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है । जो घटना की हकीकत को बयां कर रहा है।
जानकारी के अनुसार जनपद ऊधम सिंह नगर की जसपुर कोतवाली अंतर्गत गांव विक्रमपुर (राजपुर) निवासी भोपाल सिंह पुत्र गिरधारी सिंह की करीब 5 बीघा जमीन गांव के पास स्थित है । जिसमें उसका घर भी बना हुआ है । खेत के पड़ोसियों ने उसकी जमीन का रास्ता बंद कर रखा है । जिससे उसे अपने खेत की जुताई आदि कार्य कराने में दिक्कत होती है । भोपाल सिंह ने 13 अप्रैल को उप जिला अधिकारी जसपुर को प्रार्थना पत्र देकर कहा था कि उसकी गेहूं की फसल कटी पड़ी है लेकिन रास्ता न होने के कारण उसकी मढ़ाई नहीं हो पा रही है । जब इस पत्र पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो वह 27 अप्रैल 2026 को उप जिला अधिकारी जसपुर से मिले और उन्होंने उप जिला अधिकारी से रास्ता दिलवा कर खेत में पड़े गेहूं की मढ़ाई कराने की मांग की । इस पर मामले की गंभीरता को देखते हुए उप जिला अधिकारी जसपुर ने कानूनगो व हलका लेखपाल को मौके पर पहुंच कर उनके गेहूं की मढ़ाई कराने के लिए आदेशित किया । आदेश अनुसार कानूनगो व हलका लेखपाल ने मौके पर पहुंचकर अपनी मौजूदगी में भोपाल सिंह के खेत में पड़े गेहूं की मढ़ाई कराई । लेकिन जैसे ही विपक्षी को इस बात का पता चला तो वह और उसके परिवार के लोग लाठी डंडे लेकर मौके पर जा धमके । उन्होंने भोपाल सिंह व उसके परिवार के सदस्यों पत्नी मुन्नी देवी व पुत्र शिशु पर लाठी डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया । जिस पर चीख-पुकार मच गई । लेकिन उन्हें बचाने वाला कोई नहीं था । मौके पर खड़े कानूनगो व हलका लेखपाल तथा गांव के लोग भी असहाय खड़े होकर देखते रहने के सिवाय कुछ नहीं कर पाए । पीटते-पीटते जब भोपाल सिंह व उसके परिवार के लोगों की हालात खराब हो गई तो दबंग उन्हें रोते-बिलखते छोड़कर भाग गए । घायलों को उपचार हेतु जसपुर सरकारी अस्पताल में ले जाया गया । प्रशासन की यह चूक रही कि जब उसे पता था कि जब दोनों गुटों में लंबा विवाद चल रहा है तो भोपाल सिंह गेहूं की मढ़ाई कराते समय मौके पर मय पुलिस बल के पेपर पहुंचना चाहिए था । यदि मौके पर पुलिस खड़ी होती तो शायद यह घटना नहीं घटती । पीड़ित भोपाल सिंह ने घटना के संबंध में पुलिस को तहरीर देकर कहा है कि विपक्षीगण से उसे व उसके परिवार को जान-माल का खतरा है विपक्षी गण के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने मांग की है ।